8th Pay Commission : देशभर के लाखों केंद्रीय सरकारी कर्मचारी और पेंशनर्स इन दिनों 8वें केंद्रीय वेतन आयोग (8th Pay Commission) की खबरों पर नजर टिकाए हुए हैं। अनुमान है कि नई वेतन व्यवस्था 1 जनवरी 2026 से लागू हो सकती है, लेकिन अगर इसमें देरी हुई तो कर्मचारियों की जेब पर भारी असर पड़ सकता है। कर्मचारी संघों का दावा है कि 18 महीने की देरी होने पर एक सामान्य कर्मचारी को 5 लाख रुपये तक का एरियर नुकसान हो सकता है।

तो सवाल ये है — इस नुकसान से बचने का रास्ता क्या है? जवाब है — 60% महंगाई भत्ते (DA) को बेसिक सैलरी में तुरंत मर्ज करना।
DA को बेसिक में मर्ज क्यों जरूरी है?
केंद्रीय कर्मचारी संगठन और विशेषज्ञ लगातार यही मांग कर रहे हैं कि 1 जनवरी 2026 से ही 60% DA को बेसिक पे में शामिल कर दिया जाए। ऐसा न करने पर सबसे बड़ा नुकसान HRA (हाउस रेंट अलाउंस) और TA (ट्रांसपोर्ट अलाउंस) के एरियर में होगा।

सरकार आमतौर पर एरियर देते समय सिर्फ बेसिक + DA का अंतर देती है। लेकिन HRA और TA जैसे भत्ते अक्सर पुराने फॉर्मूले पर ही रह जाते हैं, जिससे कर्मचारी को हजारों-लाखों का घाटा हो जाता है।
DA मर्ज होने से:

- नई बेसिक सैलरी बढ़ जाती है
- HRA का आधार भी बढ़ जाता है
- कुल एरियर ज्यादा सही और फायदेमंद तरीके से मिलता है
नुकसान का पूरा गणित – आसान उदाहरण
मान लीजिए किसी कर्मचारी की 1 जनवरी 2026 को बेसिक सैलरी ₹80,800 है (लेवल-10 के आसपास):

- 60% DA = ₹48,480
- कुल (Basic + DA) = ₹1,29,280
अगर 2.5 फिटमेंट फैक्टर बिना DA मर्ज के लागू हो जाए:

- नई बेसिक सैलरी ≈ ₹2,02,000
HRA का अंतर (X शहर – 30% पुराना vs नया):

- पुराना HRA = ₹80,800 × 30% = ₹24,240
- नया HRA (24% शहर मानकर) = ₹2,02,000 × 24% = ₹48,480
- प्रति माह अंतर = ₹24,240
अगर एरियर 12-18 महीने का हो तो यह अंतर आसानी से ₹3 लाख से ₹4.5 लाख तक पहुंच सकता है। यही वजह है कि कर्मचारी 5 लाख तक के नुकसान की बात कर रहे हैं।

DA मर्ज करने पर स्थिति:

- नई बेसिक = ₹80,800 + ₹48,480 = ₹1,29,280
- फिर फिटमेंट फैक्टर लगने पर बेसिक और भी ज्यादा बढ़ेगी
- HRA का आधार बड़ा → एरियर में कम नुकसान
कर्मचारी संगठनों की मांगें
- 1 जनवरी 2026 से ही 60% DA को बेसिक में मर्ज किया जाए
- वेतन आयोग की रिपोर्ट समय पर लागू हो
- HRA और TA का पूरा एरियर बिना कटौती दिए जाए
- फिटमेंट फैक्टर कम से कम 2.5 या उससे ज्यादा हो
सरकार की स्थिति क्या है?
अभी तक सरकार ने DA मर्ज का कोई आधिकारिक प्रस्ताव मंजूर नहीं किया है। लेकिन कर्मचारी संघ NC-JCM के जरिए लगातार चर्चा कर रहे हैं। अगर समय रहते यह मांग मान ली गई तो लाखों कर्मचारियों को बड़ी राहत मिलेगी।

आखिर में – क्या करें कर्मचारी?
- अपने विभागीय यूनियन से जुड़े रहें
- नवीनतम अपडेट के लिए PIB, Finance Ministry और भरोसेमंद न्यूज पोर्टल पर नजर रखें
- अगर DA मर्ज नहीं होता तो भी 8वें वेतन आयोग के फायदे बहुत बड़े होने वाले हैं
8वें वेतन आयोग न सिर्फ सैलरी बढ़ाएगा, बल्कि पेंशन, भत्ते और भविष्य की सुरक्षा भी मजबूत करेगा। लेकिन छोटी-छोटी बातों जैसे DA मर्ज पर ध्यान न दिया गया तो पूरा फायदा कम हो सकता है।











